दिसम्बर 2020
अंक - 65 | कुल अंक - 66
प्रज्ञा प्रकाशन, सांचोर द्वारा प्रकाशित

प्रधान संपादक : के.पी. 'अनमोल'
संस्थापक एवं संपादक: प्रीति 'अज्ञात'
तकनीकी संपादक : मोहम्मद इमरान खान

ख़बरनामा

प्रीति 'अज्ञात' को 2020 का 'लाडली मीडिया पुरस्कार'



 


मुंबई, 20 नवंबर 2020: 'पॉपुलेशन फ़र्स्ट' ने 10वें लाडली मीडिया पुरस्कार के विजेताओं की घोषणा की. कोरोना महामारी के चलते इस बार यह कार्यक्रम ऑनलाइन संपन्न हुआ. विजेताओं को पूर्व
पश्चिम, उत्तर और दक्षिण क्षेत्रों में अलग-अलग श्रेणियों के लिए चुना गया. ये विजेता हिंदी, तमिल, तेलुगु, मलयालम, कन्नड़, उड़िया, असमिया, बंगाली, गुजराती और अंग्रेजी भाषाओं में लैंगिक संवेदनशीलता से जुड़े अपने उत्कृष्ट लेखन/ कार्य के लिए पुरस्कृत हुए. 
 
इस कार्यक्रम में जानी मानी ब्लॉगर, लेखिका एवं 'हस्ताक्षर वेब पत्रिका' की संस्थापक-संपादक प्रीति 'अज्ञात' को 'लाडली मीडिया एंड एडवरटाइजिंग अवार्ड्स फॉर जेंडर सेंसिटिविटी 2020' के लिए चुना गया. वे साहित्य, कला एवं संस्कृति को समर्पित संस्था 'कर्मभूमि' की सह-संस्थापक भी हैं. चम्बल की बेटी प्रीति का जन्म, शिक्षा भिंड (म.प्र.) में हुई है तथा पिछले 20 वर्षों से वह अहमदाबाद(गुजरात) निवासी है. यह पुरस्कार उन्हें हिन्दी भाषा में, अपने एक संपादकीय 'भागती हुई लड़कियाँ' के लिए प्राप्त हुआ है. प्रीति, पश्चिमी भारत में वेब कैटेगरी (हिन्दी भाषा) में विजेता रही. 
देश भर में प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया से जुड़े 75 मीडियाकर्मियों  को ये पुरस्कार प्राप्त हुए. साथ ही 18 मीडियाकर्मियों को ज्यूरी एप्प्रीसिएशन से भी नवाज़ा गया. निर्णायक मंडल में मीडिया के सदस्य, शिक्षाविद और सामाजिक कार्यकर्ता शामिल थे,
 
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि राष्ट्रीय महिला आयोग (NCW) की अध्यक्षा, सुश्री रेखा शर्मा थीं. भारत में UNFPA की प्रतिनिधि और भूटान की निदेशक, सुश्री अर्जेंटीना माटावेल पिकिन की उपस्थिति ने कार्यक्रम की शोभा बढ़ाई. 'पॉपुलेशन फ़र्स्ट' की निदेशक डॉ. ए.एल. शारदा ने अपने उद्बोधन में कहा , “लाडली मीडिया अवार्ड्स यह साबित करते हैं कि सबसे खराब परिस्थितियों और कठिन समय में भी आशा जीवित है. क्योंकि वहाँ कई हैं जो पत्रकारिता में अपने पेशे के प्रति सच्चे हैं, वे संवेदनशीलता और करुणा दिखाते हैं, साथ ही लैंगिक असमानता, भेदभाव, हिंसा पर महत्वपूर्ण प्रश्न उठाकर राजनेताओं और हम सब को आईना दिखाते हैं. वे कई उभरते पत्रकारों और मीडिया के लिए रोल मॉडल हैं. हम गर्व के साथ उनका सम्मान करते हैं."
म्यूजिक कंपोजर पंडिता अनुराधा पाल के तबला वादन ने दर्शकों को विशेष रूप से आकर्षित किया. अनुना गुहा ने दक्षता के साथ सफल संचालन किया.

 


- कर्मभूमि अहमदाबाद