मार्च 2020
अंक - 58 | कुल अंक - 58
प्रज्ञा प्रकाशन, सांचोर द्वारा प्रकाशित

प्रधान संपादक : के.पी. 'अनमोल'
संस्थापक एवं संपादक: प्रीति 'अज्ञात'
तकनीकी संपादक : मोहम्मद इमरान खान

जयतु संस्कृतम्
पयोधरैर् मनोहरैः समावृतेम्बरे
 
वारि झर्झरायते अरे!
पयोधरैर् मनोहरैःसमावृतेम्बरे।।
दाहकः प्रचण्ड ताप,
ईषदद्य शान्तिमाप;
नानिलोनलायते अरे! 
पयोधरैर् मनोहरैःसमावृतेम्बरे।। १।।
 
कायिकी तृषापयाति;निर्मला मतिर्विभाति;   
 मनः शीतलायते अरे!                                
पयोधरैर् मनोहरैःसमावृतेम्बरे।।२।।     
 
कौति चातको वनेषु,रौति कोकिलो द्रुमेषु;   
 सारिका पिकायते अरे !                             
पयोधरैर् मनोहरैः समावृतेम्बरे।।३।।    
 
वेणवो वने लसन्ति,रेणवो जले मिलन्ति;         
इला पङ्किलायते अरे !              
पयोधरैर् मनोहरैः समावृतेम्बरे।।४।।     
 
ऊर्मिलः सरो विभाति,नदी सत्वरं प्रयाति;       
झरः सीकरायते अरे!         
पयोधरैर् मनोहरैः समावृतेम्बरे।।५ ।।  
 
अङ्कुरा भुवि स्फुटन्ति,पादपाःसमुद्भवन्ति ;  
धरा कण्टकायते अरे!    
पयोधरैर् मनोहरैः समावृतेम्बरे।।६ ।।   
 
नूपुराः क्वचित्क्वणन्ति,तन्त्रिका मृदु स्वनन्ति,
रागिनी स्वरायते अरे!     
पयोधरैर् मनोहरैः समावृतेम्बरे।७।।  
 
अश्रुविन्दवः पतन्ति,गोपिकाःप्रियं स्मरन्ति;
माधवः स्मरायतेअरे!     
पयोधरैर् मनोहरैः समावृतेम्बरे।।८।।
 

- डॉ. कमला पाण्डेय

रचनाकार परिचय
डॉ. कमला पाण्डेय

पत्रिका में आपका योगदान . . .
जयतु संस्कृतम् (1)