प्रज्ञा प्रकाशन, सांचोर द्वारा प्रकाशित
मार्च 2016
अंक -44

प्रधान संपादक : के.पी. 'अनमोल'
संस्थापक एवं संपादक: प्रीति 'अज्ञात'
तकनीकी संपादक : मोहम्मद इमरान खान

हायकु
रिश्तों की धुरी
आजीवन दौड़ती
स्वत्व खोजती
 
टूटकर भी
जोड़े रिश्तों की कड़ी
स्त्री में वो शक्ति
 
खरी उतरे
जीवन परीक्षा में
सर्वस्व लुटा
 
पराई जाई
आँगन महकाई
बन तुलसी
 
पिता का मान
ससुराल की शान
बढ़ातीं स्त्रियाँ
 
नभ ने भेजी
सुनहरी परियां
धरा रौशन
 
काट बेड़ियाँ
बेटी भरे उड़ान
बढ़ा दे मान
 
बाट जोहती
बहाये गोरी नीर
रहती पीर
 
दहेज बलि
चढ़ी मासूम कली
धू-धू थी जली
 
कोमल कली
बेदर्दी से कुचली
दया न मिली

- प्रवीन मलिक
 
रचनाकार परिचय
प्रवीन मलिक

पत्रिका में आपका योगदान . . .
हाइकु (1)